सिर्फ हाथों की मुट्ठीयों को खोलने व बंद करने से दस्त बंद हो सकती है

लगभग हर आदमी साल छः महीने में एक बार तो लूज मोशन का शिकार हो ही जाता है तो अब ऐसे मौके पर आपको बिल्कुल भी घबड़ाने की जरूरत नहीं

बुखार का नाश करे आमल्क्यादि चूर्ण

इसे बनाना भी बहुत आसान है ! यह आमलकादिगण सभी प्रकार के ज्वरों (बुखारों) का नाश करता है | इसे बनाने के लिए आंवला, चीता की जड़, हरण, पीपरी और

गठिया की बिगड़ी अवस्था में बहुत आराम पहुचाये योगराज गूगुल

यह योगराज गूगुल तीनो दोषों को नष्ट करता है ! इसके सेवन के दौरान कोई बहुत कड़े परहेज़ की जरूरत नहीं होती है (Yograj Guggul health Benefits, Dose, Ingredients, Yograj

गोमूत्र और बेल से मोटापे का इलाज

शांर्गधर तपस्वी के अनुसार अगर इस आयुर्वैदिक नुस्खे को सावधानी और शुद्धता से बनाया जाय तो मोटापा नाश के लिए बहुत फायदेमंद है (Herbal advantages of Gomuta or indian desi mother

चन्द्रप्रभा वटी – मूत्र, मासिक रोग में है बहुत फायदा

आयुर्वेद में इसे रसायन कहा गया है ! रसायन उसे कहते हैं जो बुढ़ापा और रोगों को दूर रखे ! इसके सेवन करने से मूत्रकृच्छ, मूत्राघात, पथरी रोग, मलबद्धता, अनाह

सूर्य का तेज है इस आयुर्वेदिक चूर्ण में

स्वयं प्रत्यक्ष शिव भगवान सूर्य देवता ने इस अति लाभकारी चूर्ण का उपदेश अपने भक्तों को दिया था ! भगवान सूर्य के नाम पर ही इसका नाम लवण भास्कर चूर्ण

जरा गौर से पहचानिए इन आँखों को

कुछ लोग कहते हैं कि आज के आधुनिक युग में भगवान, ईश्वर आदि सब झूठ बातें हैं, और भगवान के बारें में जो कुछ भी कहा सुना या लिखा गया

विश्व सम्राट के खोये हुए पद को दुबारा वापस पाने के लिए ये तो करना ही पड़ेगा

आप एक बड़े ऑफिसर या बिजनेस मैन हैं और अपनी वाइफ और बच्चे के साथ बढ़िया आलिशान घर में रहते हैं और पैसे की कमीं नहीं है, जो आप चाहते

प्यार से हैंडल करना, बहुत जल्दी रोने लगते हैं

जी हाँ इनका ये मनमोहक स्वभाव खुद कई, बड़े बड़े ऋषियों ने देखा और आश्चर्य चकित होकर इनके कई अदभुत नाम रखे ! श्री राधा कृष्ण के युगल सहस्त्र नामों

श्री कृष्ण ने अपने भक्तों की रक्षा के लिए अपने भगवान होने तक की मर्यादा तोड़ दी

किसी भी हद तक जा सकते है कृष्ण अपने भक्त की रक्षा करने के लिए ! इतिहास गवाह है की एक नहीं हजारों बार ऐसा हुआ है की श्री कृष्ण

मौत भयानक नहीं है

याग्वल्क्य ऋषि का एक अलग दर्शन है मृत्यु के बारे में, उनका कहना है की जीवन से पहले भी मृत्यु है और जीवन के बाद भी मृत्यु है, तो मृत्यु

मुझे जान से मार क्यों नहीं देते

ये भीषण चीत्कार है उस भयंकर दर्द की जो दिल में उठता है उस भक्त के, जिसे सिर्फ एक सेकंड के लिए, त्रैलोक्य मोहन लड्डू गोपाल की झलक दिख जाती

आसक्ति में अपमान है !

जी हाँ, यह तय बात है कि इस दुनिया में हम जिन जिन व्यक्तियों/वस्तुओं से जितना ज्यादा आसक्ति रखेंगे (ईश्वर को छोड़कर) उन उन व्यक्तियों/वस्तुओं से उतना ज्यादा दुःख (जो

कितने गुप्त तरीके से छुपा कर रखा गया है दुनिया की सबसे ताकतवर शक्ति को

अगर आप से कोई कहे की दुनिया की सबसे ताकत वर शक्ति आपके पास ही है बस आपको उसे इस्तेमाल करना नहीं आता और अगर कोई आपको उसे इस्तेमाल करना